चीन की विकास दर घटाने मे अमरीका का हाथ ?कारोबार को लेकर चीन और अमेरिका के बीच तलवारें खिंची हुई हैं


Editor :tasneem kausar

चीन की विकास दर घटाने मे अमरीका का हाथ ?कारोबार को लेकर चीन और अमेरिका के बीच तलवारें खिंची हुई हैं

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चीन और अमेरिका के बीच चल रहे कारोबारी युद्ध के चलते चीन की आर्थिक विकास दर पिछले एक दशक के सबसे निचले स्तर पर आ गई है. अब चीन पर अमेरिका की वजह से पैदा हुई इस आर्थिक मंदी से उबरने का दबाव है. दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था चीन की आर्थिक विकास दर जून में खत्म हुई तिहाई में 6.2 प्रतिशत रही. इससे पहले इतनी कम विकास दर 2008 में आई आर्थिक मंदी के कारण 2009 की पहली तिमाई में दर्ज हुई थी. तब से लेकर सीधे 2019 में चीनी अर्थव्यवस्था सबसे धीमी रफ्तार से बढ़ी है.

चीनी राजनेताओं ने हालात को देखते हुए खर्चे बढ़ा दिए हैं और बैंकों को ज्यादा लोन देने के लिए कहा है जिससे अर्थव्यवस्था को नई गति मिल सके. अगर अर्थव्यवस्था शिथिल पड़ी तो लोगों को बड़े पैमाने पर रोजगार खोने पड़ सकते हैं जो चीन के लिए बिल्कुल अच्छा नहीं होगा. हालांकि चीन को अर्थव्यवस्था के मोर्चे पर अभी एक के बाद एक बुरी खबरें सुनने को मिल रही हैं. अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने चीन की तकनीकी महत्वाकांक्षाओं को देखते हुए वाहनों की बिक्री पर रोक लगा दी है.

चीन के नेशनल ब्यूरो ऑफ स्टैटिस्टिक्स ने एक बयान जारी कर कहा कि देश की अर्थव्यवस्था देश के भीतर और बाहर एक जटिल माहौल का सामना कर रही है. 2019 की पहली छमाही में खुदरा व्यापार की विकास दर 8.4 प्रतिशत पहुंच गई है. यह पिछले साल की इसी छमाही के आंकड़ों की तुलना में 0.1 प्रतिशत कम है. इसके अलावा इसी अवधि में चीनी अर्थव्यवस्था के फैक्टरी उत्पादन के आंकड़ों में भी 0.1 प्रतिशत की गिरावट दर्ज हुई है और यह घट कर 6 प्रतिशत पर आ गया है.

जून महीने तक पिछले एक साल में चीन द्वारा अमेरिका को किए जा रहे निर्यात में 7.8 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है. यह ट्रंप द्वारा चीन से आ रहे सामान पर टैरिफ बढ़ाने का प्रभाव है. ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री में भी भारी गिरावट दर्ज की गई है. जून में वाहनों की बिक्री में 7.8 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है. ऑटोमोबाइल का बाजार चीन में सबसे बड़ा है.

आरएस/आरपी (एपी)

चीन की आर्थिक विकास दर पिछले 10 सालों के निम्नतम स्तर पर आ गई है.

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